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The religion of Japan, Shintoism, has been leading the Japanese nation since ancient times. Believers in this religion do not absorb anyone else. That is why this religion is limited to Japan. In this religion, the concept of God is not personal. There is no special way of worship in this religion. Buddhism and Confucianism have had a profound effect on this religion.
#Dr. Amjad Bhatti YT
#Shintoism
#World's Minor Religions
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झाल
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अजय को
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हुआ है
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कि बिस्मिल्लाहिर्रहमानिर्रहीम दिग्भ्रमित
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लिपटी एक नया मौजूद के साथ आखिर मर हमारा
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आज का मौजू दुनिया के छोटे मजाहिब सीरीज
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हुए दिन टो मत के हवाले से हैं
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कि चिंटू चीनी इस बांध के दो इंफोसिस
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90 और टू का मुहूर्त कब है चीन जो दरअसल
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खुदा के लिए इस्तेमाल होने वाली चीनी इस
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चला है इसी लफ्ज़ को जापानी में कमी भी
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कहा जाता है
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है और तू का मतलब रास्ता या राज्य है
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ए लव चिंटू का सबसे पहला इस्तमाल नियर
0:51
होंगी या वाक्य आते जापान का रोजनामचा ने
0:55
किया गया जिसे 720p में तहरीर और मृतक
0:59
किया गया था चिंटू बाद जापान का कमी मतलब
1:03
है और सिर्फ जापानी काम तक ही महदुद है
1:08
कि इस मतलब का कोई बनी नहीं और इसका
1:12
के आवास जमाने का ब्लाउज तारीख में हो
1:16
कि यह जापानी काम की फितरत की आकर्षित
1:19
करता है और समाज और सत्ता वर्थ का ही एक
1:21
हिस्सा है
1:23
कि इस मठ के दरवाजे दूसरों पर बंद है यही
1:27
कि कोई दूसरी किसी दूसरे मजहब का बंद झाला
1:32
यह मजबूत यह तैयार नहीं कर सकता मैं
1:35
मैं कंफ्यूज सिस्टम और बुद्धिमान के आने
1:38
से मुर्गियां जापानी रवायत को लिखने और
1:41
प्रति देने की ख्वाइश पैदा हुए इनके जब तक
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कंडीशनर सिस्टम और बुध अर्थ नहीं जापान
1:48
में दाखिल हुए थे तो इस मजहब की रवायत
1:52
हमें लिख लिखी हुई सूरत नहीं मिलती
1:56
देवताओं की वह कहानियां जो जापान में सीना
1:59
सीना चली आ रही थी मीणा वीं सदी ईसवी के
2:02
आगाज में एक मुकद्दस में हलफ या
2:07
सुकुमारुदु ए 2 ज अफीम जिलों में उनको जमा
2:11
किया
2:12
कि एक किताब का नाम पूंजी की योनि क्रीम
2:16
हालात की कहानी और दूसरी का नाम नी होंगी
2:20
यही जब तारीफ है जापान रखा इन में कदम
2:24
देवताओं के मईया रुलाई अकूल करना में और
2:28
किस्से मशहूर है इन दो किताबों के अलावा
2:31
बीच * मत की गई उक्त 10 किताबे मिलती हैं
2:37
कि सलमान एक प्लस तारीख में जापान पर जो
2:41
कि ब्राह्मण था वह सूरज की देवी की पर
2:44
सर्च करता था जिसके तहत 1000 हाथ
2:47
देवी-देवता और विजय इसके अलावा जापानी
2:51
इस्लाम की प्रस्तुति करते थे इसी मजा है
2:55
और खिलाफ भारती ने आगे चलकर चिंटू मत की
2:59
शक्ल अख्तियार कर ली अब जापान में यह मजहब
3:02
को मी तो मतदान की हैसियत एक तैयार कर
3:05
चुका हुआ है
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कि जापान किसका हक में चीनी और कोरियाई
3:11
ताजिरों और स्रोतों के जरिए बेरूनी अश्राथ
3:14
जरूर दाखिल हुए यह 522 इस बीच में चीन से
3:19
महायान बुद्ध-मत जापान में मुकारमपुर
3:23
महायान बहुत वक्त यह एक फिर का है बात मत
3:27
कर
3:28
कि जापान के शहंशाह को बोध में जमा और
3:31
कुतर्क पेश की गई आखिरकार आठवीं सदी के
3:34
बाद पिंटू मत और बहुत बात एक दूसरे में
3:37
मधुरम हो गए और चिंटू मत की जुदागाना है
3:40
सीरियल ख़त्म हो गई थी
3:43
है तू गोवा के ऐप से मस्ती मुस्लिम ने
3:46
चिंटू मत को आश्चर्य नौ जिंदा करने की
3:49
कोशिश की चुनाचे 1868 में जापान में को मी
3:55
इंकलाब रूनुमा हुआ और उन्होंने शिंटो मत
3:58
को बेर उन्हें यशराज से पास किया है
4:02
16 टू मत कसरत प्रगति का मतलब है इस कसरत
4:06
व स्थिति का अंदाजा इसके देवताओं की तादाद
4:08
से हो सकता है कभी यह दावा है कि 80 करोड़
4:13
इसके देवता है तो कभी इनकी तादाद 80 करोड़
4:16
तक जा पहुंचती है
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से पहले जापान रूहानियत पर जोर देते हैं
4:23
इनका सबसे बड़ा मजबूत सूरज है इनके हाल
4:27
में सूरज एक टीवी है जिसका नाम टमाटर आंसू
4:31
है
4:33
कि टमाटर आंसू को वह लाइन अति खूबसूरत का
4:36
दर्जा नहीं देते इस की हैसियत एक देवी की
4:40
है
4:41
कि चिंटू मत में रोहित का खास
4:44
कि अमल दखल इसमें कमी की बात की जाती है
4:48
कामी को आम तौर पर लफ्ज़ खुदा का तर्जुमा
4:52
समझकर इस्तेमाल किया जाता है लेकिन बाद
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मुक़ामात ऐसे भी हैं
4:58
है कि जहां सिंटू ए दिल लव कमी का कर्ज
5:02
माफ खुदा करना गलत
5:06
अच्छा हो जाता है
5:07
सऊदी का मतलब यह नहीं होता कि हम खुद आमरा
5:10
लहरें
5:11
कि चिंटू मत में रूहों को बहुत अहमियत
5:13
आसान है और बता रखा साधुवाद की खानदानी और
5:17
वह आपको इनके अलावा जापानी फितरत को भी
5:20
इन्हीं मुद्दों सहित पादप के लायक मानते
5:22
हैं और कुदरती तौर पर मौजूद हर शहर ग्रह
5:26
पहाड़ पर शुद्ध राह में रूक का तसव्वर
5:29
रखते हैं जो बुध सूर्य इबादत के लायक है
5:32
ज्यादा शिंटो मत में हर जानदार और बेजान
5:37
उधर श्यओमी का दर्जा पा जाती है
5:43
कि इस जापानी मतलब इस्लाम परस्ती का आंसर
5:46
की पाया जाता है इस्लाम परस्ती का घास
5:48
मुर्दों के छपरा से हुआ वह मृत से मोहब्बत
5:52
की वजह से प्रस्तुत नहीं करते ना ही उनके
5:55
दिल में इस बात का एहतराम होता है कि उनके
5:58
खानदान के अपराध हुआ करते थे बल्कि उनकी
6:01
प्रत्यक्ष महसूस उनके शरीर से बचने के लिए
6:05
होती है
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मैं इसमें जब के मानने वाले नशों को नापाक
6:13
समझते थे
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है इस वजह से जब कोई आदमी मर जाता तो इसकी
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लास्ट से जल्द से जल्द छुटकारा आसन करने
6:21
की कोशिश की जाए जिस मकान में किसी की
6:24
वफात हो जाती तो उसकी अधिक जो अ कारण इस
6:27
मकान को छोड़कर किसी दूसरे मकान में चले
6:29
जाते थे
6:31
ज्यादातर अमित सदा ही वालों से बात कर रहे
6:34
हैं आज तो जापान में सूरत है आज तकरीबन
6:37
इसके बाद रखेंगे
6:40
कि जापान में बादशाहों ने सूरज देवी यानी
6:43
टमाटर आंसू कोई उदास होने का दावा किया यह
6:46
दावा सबसे पहले जन्मों तीनों ने किया है
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जापान के नजदीक जिस तरह सूरज देवी तमाम
6:53
मामलों की आका है इसी तरह बादशाह की तमाम
6:57
जापानियों का मशहूर सरदार है
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कि इस तरह शाही महल मजहब का मरकज़ बन गया
7:03
और जापान में मजहबी सियासत लाल मोहम्मद
7:06
ज़ूम हो गए बात का रिश्ता ऐसा खुदाई दर्जे
7:10
पर फाश हो गया यह सब किधर है जापानी
7:13
सियासत को इस तरह काम करता है
7:16
कि यह खानदान लड़ाई हज़ार साल से कुछ
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ज्यादा अर्से तक पर से रहेगी सुधार रहा
7:22
जापानी बात चाहत का बानी और सूरज देवी की
7:25
मुलाकात होने का दावेदार जैन मूर्तियों की
7:28
हकूमत का गेम शुक्रवार मशीन हुआ था जंगलों
7:33
के समाना में बादशाह युद्धों 124वां
7:37
बादशाह चिंटू मदद से शपथ है और इनकी नजदीक
7:42
कमी की लगा शहंशाह कि राधा में है जापानी
7:46
सिर्फ बादशाहों की प्रस्तुत नहीं करते
7:48
बल्कि हर उस आदमी को का बिल प्रस्तुत करार
7:52
देते जो काम और सल्तनत के लिए नया कारनामा
7:55
अंजाम देता था चिंटू इबादत में आदमी
8:00
12 मार्च से पहले और एक महात्मा बाद में
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जुड़ता है घुटनों के बल बैठ जाना और बालों
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का तालियां जाना इबादत में शामिल समझा
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जाता है देवताओं के प्रसाद का भूमिका भी
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राज है मंदिरों में नाच का तरीका भी है
8:15
यहां तक कि अब्बास अहम मोहब्बत में स्टेज
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और नाचने वालिया भी मौजूद होती हैं तकलीफ
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के कारण आपके मुतलक इनका नजरिया यह है कि
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आसमान के तैरते हुए पुल पर एक जुड़ा रहा
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करता था नर का नाम अजान आएगी और माता का
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नाम अलार्म नमिथा जोड़ा जमीन के झगड़े पर
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उतर आए जहां उन्होंने एक मकान बनाया इसमें
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एक बड़ा सुकून था वह दोनों इश्क उनके
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इर्द-गिर्द घूमते और जब एक दूसरे से
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आमना-सामना हुआ तो पहले मादा बोली इससे
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नार को गुस्सा आ गया और उसने दोबारा घूमने
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के लिए कहा था
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कि जब से वह दूसरे के सामने हुए तो पहले
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ना रख बोला और उसने माता की खूबसूरती का
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इजहार किया इससे दोनों में मियां-बीवी के
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ताल्लुकात पैदा होंगे इस साल के नतीजे मैं
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जापान के मुक्त लग्जरी और बहुत से
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देवी-देवताओं पैदा हुए इस जोड़े से आपकी
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देवी की पैदाइश के वक्त अदनान सामी का
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इंतकाल को इस पर नरयानी हरियाणा की को
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गुस्सा आया और उसने नार्मल उद्यमी आग की
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देवी को टुकड़े-टुकड़े कर दिया जिससे बहुत
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सी देवी देवता नमूदार होते हैं अब यह
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नार्थ अपनी बीवी के पीछे मुर्दों की
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सरजमीन मीट मी में गया वहां से वापसी पर
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समंदर में वतन लगाया तो उसकी पलकों से
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पानी का जो करे टपके उससे सूरज और नाक की
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खतरों से चांद वगैरह पैदा हुए थे
9:44
कि इच्छाधारी हाथ में तलवार जो आशीर्वाद
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तो रहने की बहुत पहनी थी अ
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का आईना सुरेश की देवी रमावती राशि की
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अलामत थी और जवाहरात जो आईने के साथ हम
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आपकी राशि को तो फतेह दिए गए थे को देवता
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की तरह नियर दी जाने लगी है
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कि बुध्दमत और कंडीशनर धर्म के आने से
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चिंटू मतलब कि साधा तो पर कारखानों में
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तब्दीली आई यह तो बरखा बरखा ने वहीं मैं
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इन लोगों की चीजें जो इनके इस्तेमाल में
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आते थे जो है उधर शक्तियां आपके उनको एक
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जगह पर रख दिया गया था उसको तो भर रख या
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तो वर्क का
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कि खाना कहा जाता था
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कि फिल्म बाद के मुद्दों के डिजाइन के साथ
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पर चीता मिथुन आसफ सा0 दोनों की कतारें
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चारों तरफ दीवारें बेरुनी दरवाजा पेंटिंग
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व मासाजी सफाई दौड़कर दिलकशी मुझे समोसे
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की गई है राजेश और हमीदा छपते नजर आने लगी
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कि उनका युक्त मत सोच के साथ कुछ इस तरह
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खेल तुरंत हो गए कि काम नहीं और कुत्ता एक
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से समझे जाने लगे मिसाल के तौर पर बुध के
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छिन्न-भिन्न मदरसा ए फिगर इसकी बुनियाद
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काबू ड्राई श्री ने डाली थी यह सिखाया
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जाता था कि बुद्धा और बुद्धत्व मतलब
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देवताओं की शक्ल में मुक्त लघु मालिक में
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सामने आए और मुबारक में जापान भी शामिल था
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कब जगरूप सो चिंटू और बुधवार को एक
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व्यक्ति था कहा जा सकता है बौद्ध मत के
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कुछ बैंकों की पुजारियों ने एसिड खबरों का
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हवाला दिया जिसमें हम आती रसूख को बुद्धा
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महावीर व साधना की
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कि एक शक्ल कहा कि दूसरे में जन्म होने के
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लिए सुजान के बावजूद शेम टो अपने तेरा फिर
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क्यों के साथ जवान का मुकाबले मौजूदा मजहब
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रहा है
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कि केंद्रीय क्यों चिंटू मजहब का एक तरीका
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है जिसकी मनिहार निकाया माई की नामी एक और
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अपने डालें 1837 में उसे इस तरह आखिरी
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मस्जिद का तजुर्बा हुआ था जिसके जरिए उस
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पर यह दायर किया गया के खुदा उसके अंदर
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मौजूद हैं और यह है दुनिया को बचाने के
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लिए उसका इस्तेमाल किया जाएगा मशीन की
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बजाय के जाने-पहचाने तरीके पर अमल करते
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हुए उसने अपनी दौलत यार भी उसने आकाश को
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दुरुस्त करने की जिम्मेदारी संभाली और खुद
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को फरार घोषित करा देंगे वाला रक्त समूह
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द्वारा करवाया वह इस लिहाज से रवायती *
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मदद से दूर हो गई कि उसने माई-बाप देवता
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इनपुट का कहलाने वाले एक सुधार पर जोर
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दिया उसकी मौत के बाद उसकी का रेलमार्ग को
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इकठ्ठा करके इस करके कमाई दोस्तों वहां पर
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बजाओ करने के लिए इस्तेमाल किया गया
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केंद्रीय भूमिका
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कि मृत कि केंद्रीय शहर है जहां के अमरजीत
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व कारखाने को न स्लिम सामने की शुरुआत का
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मुद्दा माना जाता है और कहा जाता है कि सब
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वहीं लौटना है इस वजह में मुक्तिपथ चीजों
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पर जोड़ दिया गया है
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कि चिंता मत यह गुना की तरह काम करता है
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और इस बात की भी है कि तुम आम इंसान बुरे
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होते हैं सिर्फ लाइनें या गर्ल तक आए हैं
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लोगों की अध्यक्ष होने में रुकावट बनते
13:03
हैं इस मज़ा में इस जिंदगी में वर्ष भर
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पूर्व निभाने पर जोर दिया गया है जो
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बीमारी और तकलीफ से खाली हो इस जिंदगी पर
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जोर देने के बावजूद गुरुओं के तनाव शब्द
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का तत्सम पर अब भी मौजूद है मौत की ने
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केंद्रीय क्यों को जापान के नए मजा ही में
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से एक करार दिया है कि अब यह जो कि मृत्यु
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है यह चिंटू मौत से निकल गई जिसे दुनिया
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के हर मजहब में हुआ है कि पहले छोटा सिरका
13:33
बनता है तो थोड़ी सी वह अधिक इस्तेमाल
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करता है और उसके बाद ही पता चलता है कि यह
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नया मदद
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है क्योंकि इसके इज माय नहीं जैन के
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तसव्वर ने दूसरी जगह जमीन के बाद जापानी
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नौजवानों को अपनी जानत रावरो किया इस
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अकीदे की मजबूरी सर गर्मियों में जाती तो
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और पशुबलि है दौरे के अधीन के टेक्नोलॉजी
13:54
कर जापान और रवायती तब भर में कारखानों
13:57
मुकद्दस महामाया परिवार के बिल्कुल मुफ्त
14:00
साथ है उस पर सोच पर गौर ने इस मजहब के
14:04
मानने वालों को जिद मआशरे की मायूसी और
14:07
मंत्री व शराब से दूर रहने में मदद की है
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है तो यह थे कुछ हाल चिंटू मजहब और उसके
14:15
चांद एक फिर क्यों का उम्मीद करते हैं कि
14:19
आप हमारा यह सिलसिला तो शर्म आएंगे और
14:23
हमारे चैनल को
14:26
को शेयर भी करेंगे लाइक भी करेंगे और
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सब्सक्राइब करें
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कि आप बहुत चूड़ियां सामने की करें और
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दूसरों को भी सामने की करने की तरफ गई है
14:40
हुआ है
14:44
झाल का
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